मुझे चोद कर अपनी बेइज्जती का बदला लिया

प्रिय पाठकों नमस्कार मैं वंदना आज आपको अपनी एक सच्ची chudai की कहानी बताने जा रही हुं के कैसे एक मौलवी ने मुझे चोद कर मेरे पति से अपने अपमान का बदला लिया मेरा नाम वंदना है मैं बिहार के पटना के पास एक गांव में रहती हुं मेरी उम्र 35 साल है मेरा फिगर काफ़ी सेक्सी हैं बूब्स बड़े बड़े गोरा रंग गदराया बदन मेरे बूब्स मेरी ब्रा और ब्लाउस को फाड़ कर बाहर आने को रहते हैं उन मै फिट ही नहीं होते.

बिहार में ज्यादातर महिलाएँ साड़ी ही पहनती हैं मै भी साड़ी ही पहनती हूं मैं एक घरेलू शादी शुदा औरत हुं मेरे घर में मैं मेरे पति और दो बच्चे हैं एक लड़की ओर एक लड़का मेरी शादी को 14 साल हो चुके हैं बेटी 13 साल की और बेटा 9 साल का है मेरे पति सुनार है हमारा गांव काफ़ी बड़ा है और उसमें एक मस्जिद भी है.

हमारे गांव में मुस्लिम लोग भी रहते है लेकिन आबादी इतनी ज्यादा नहीं है हमारे गांव के हिंदू मुस्लिम सब मिल कर रहते हैं मस्जिद हमारे घर के बिलकुल पास है मस्जिद का एक चोर दरवाजा है जो हमारे घर की बैक साइड में है लेकिन वो हमेशा मस्जिद के अंदर से बंद ही रहता है उस मस्जिद में मौलवी थे जिनका नाम फखरूदीन काजी है.

उम्र कोई 50 साल थी हट्टे कट्टे कसरती बदन उनका स्वभाव बहुत ही हसमुख था सबसे प्यार से बात करने वाले कभी गुस्सा नहीं करते थे थे मैं इस लिए लिख रही हूं क्योंकि वो अब पता नहीं कहां चले गए हैं। अब मैं अपनी कहानी पर आती हूं ये बात दो साल पहले की है जब मौलवी साहब गांव में थे.

एक दिन में अपने घर में अकेली थी बच्चे स्कूल थे तबी अचानक मुझे गली में शोर सुनाई दिया मैं शायद किसी मैं झगड़ा हो रहा था मैं भाग कर गली में गई तो मैंने देखा के मेरे पति और उस मौलवी के दरमियान किसी बात को लेकर बहस हो गई थी मेरे पति उस मौलवी को बुरी तरह पीट रहे थे.

मेरे पति अपने अपने दो दोस्तों के साथ मिलकर पीट रहे थे और बेचारा मौलवी साहब सीधा सादा चुपके से मार खा रहा था बात कुछ पैसों को लेकर थीं लेन देन की मौलवी को बहुत चोटें आईं थीं गली में सब ने मिलकर लड़ाई को खत्म और मौलवी को डॉक्टर के पास ले गए मुझे उस मौलवी पर बहुत तरस आया और अपने पति पर गुस्सा आया.

अगले दिन में चुपके से मस्जिद के अंदर गई उस समय मौलवी अकेला था अपने रूम में पूरी मस्जिद में कोई नहीं था मेरे घर पर मेरे बच्चे अकेले थे मैं उनको बोल कर आई थी के मैं पड़ोसन के घर जा रही हूं मैं थोड़ी देर बाद आऊंगी मैं सीधा ही उसके रूम में घुस गई वो अंदर अंडरवीयर में लेता हुआ था.

उसका लन्ड उसके अंडरवीयर में उफान मार रहा था उसका साइज देखकर ही मैं हैरान हो गई काफ़ी लम्बा और मोटा था कम से कम 9 इंच लम्बा और तीन इंच मोटा मेरे पति से भी बड़ा था उसका मुंह दूसरी तरफ था कमरे में पंखा फुल स्पीड में चल रहा था मैं उसका लन्ड देखकर अपने बूब्स मसल रही थी.

उसकी चौड़ी छाती से मेरे अंदर काम वासना जाग उठी थी तभी उसने मुझे देख लिया था और हड़बड़ा कर उठ गया और बोला भाभी जी आप मैं एकदम होश में आई बोला भाभी जी आप कब आई मैंने देखा नहीं और नाही आपने आवाज दी और वो धोती पहनने लगा और बोला आइए बैठिए किया पिएंगी चाय या शरबत. ये कहानी आप हमारी वासना डॉट नेट पर पढ़ रहे है.

मैंने कहा कुछ नहीं और मैं अंदर आ कर बैठ गई कुर्सी पर मैंने कहा मैं आपसे माफी मांगने आई हूं अपने पति की तरफ से उन्होंने आप के साथ बहुत गलत किया है वो बोला आप माफी क्यों मांग रही है आपकी कोई गलती नहीं है प्लीज आप मुझसे माफी मांग कर शर्मिंदा मत कीजिए मुझे गर्मी बहुत है आप बैठिए मै आपके लिए शरबत लेके आता हूं.

मेरे मना करने के बाद भी वो शरबत बनाने लगा मैं खामोश हो कर बैठी रही वो मुझे शरबत देते हुए बोला आप को यहां नहीं आना चाहिए था किसी ने देख लिया तो हम दोनों की बहुत बदनामी होगी मैंने कहा मैं किसी से नहीं डरती हूं मैं आपका हाल चाल पूछने आई हूं कल मेरे पति ने आपके साथ झगड़ा किया था.

फिर हम दोनो बातें करने लगे मौलवी का ध्यान बार बार मेरे बूब्स क्लीवेज पर जा रहा था मैं उसकी नजर समझ गई मैं भी जानबूझकर उसको अपने बूब्स दिखा रही थी अपनी साड़ी का पल्लू हटा दिया था वो मेरा इशारा समझ गया था हम दोनों एक दूसरे को देख कर मुस्कुरा रहे थे.

मैंने कहा के आपका परिवार कहां है वो बोला मेरा इस दुनिया में कोई नहीं है बीवी काफ़ी साल मर गई थी दो बेटे थे वो सऊदी अरब में रहते है मैने देखा कि मौलवी के सिर पर चोट थी मैं उठी और मौलवी के पास जाकर उसके सिर पर लगी चोट देखने लगी मैं जानबूझकर उसके साथ चिपक रही थी.

मैंने कहा कोई बात नही है चोट जल्दी ठीक हो जाएगी मेरे बूब्स उसके मुंह को टच कर रहे थे मौलवी से भी रहा नहीं गया और उसने अपने हाथ मेरी कमर पर रख दिए और मेरे पेट को मसलने लगा अपनी उंगलियां मेरी नाभि पर फेरने लगा मैं मदहोश हो रही थी अलग सा ही मजा आने लगा.

जब मैंने कोई रिएक्ट नहीं किया तो उसका होंसला बड़ गिया और मेरे बूब्स दबाने लगा मैं कुछ नहीं बोली कियोकि मै खुद यहीं चाहती थी वो उठा और मेरे चेहरे को अपने हाथों में लेकर मेरे होंठों को चूमने लगा मैं भी उसका पूरा साथ देने लगी वो मेरे होंठो को बुरी तरह काटने लगा दोपहर का वक्त था किसी के आने का खतरा नहीं था.

वो मेरी गर्दन और मेरे गालों पर कई चुम्बन जड़ दिए थे उसने मुझे कस के अपने सीने से लगा लिया था पीछे हाथ डाल कर मेरे ब्लाउस के बटन खोलने लगा उसने मेरा ब्लाउस और ब्रा भी उतार कर फैंक दी थी मेरा उपर का हिस्सा पूरा नंगा था मेरे बूब्स को दबाने लगा और बारी बारी दोनो को चूसने लगा.

एक को चूसता तो दूसरे को दबाता इतनी जोर से दबाता के के मेरी छाती में दर्द होने लगा बीच बीच में मेरे निप्पल को दातों से काट देता मैं दर्द से कराह उठती फिर उसने मेरा पटिकोट खोल दिया और मैंने अपनी पैंटी भी उतार दी अब मैं बिल्कुल नंगी थी उसने भी अपनी धोती और अंडरवीयर उतार दिए.

अब हम दोनो बिलकुल नंगे थे उसने मुझे अपना लन्ड चूसने को बोला मैं घुटनों के बल बैठ गई और उसका लन्ड अपने मुंह में लेकर चूसने लगी उसके लन्ड का टोपा और सुपाड़ा काफ़ी दमदार था करीब पांच मिनट तक लन्ड चूसने के बाद उसने मुझे खडा किया और उठा कर बेड पर पलट दिया और दरवाजा बंद करने लगा.

फिर वो मेरे ऊपर चढ़ गया और मेरे होंठ चूसने लगा फिर सारे शरीर को चूमने चाटने लगा मैं मदहोश होने लगी फिर वो मेरी टांगो के बीच आ गया और मेरी दोनों टांगों को अपने कंधे पर रख दिया और अपने लन्ड को मेरी योनि के मुख पर रख दिया और मेरे मुम्मों को जोर से मसल कर कस के धक्का दिया.

लन्ड एक ही बार में योनि द्वार को चीरता हुआ अन्दर बच्चेदानी से जा टकराया मेरी चीख निकल गई तड़पने लगी दर्द से दोहरी हो गई लन्ड मोटा था तो उसने मेरी योनि को चौड़ा कर दिया था मेरी आंखों से आंसू आ गए फिर उसने धक्के लगाने शुरू कर दिया उसके हर धक्के से मैं बुरी तरह हिल रही थी. ये कहानी आप हमारी वासना डॉट नेट पर पढ़ रहे है.

उसने फिर स्पीड बड़ा दी बड़ी तेजी से चोदने लगा मेरी सिसकारियां पूरे रूम में गूंज उठी थी फिर उसने मुझे घोड़ी बनाया फिर चोदने लगा अब मुझे भी मजा आने लगा था मैं फिर वो मेरे नीचे लेट गया मुझे उपर बैठा दिया मैं उसके लन्ड पर उछलने लगी मेरे बूब्स हवा में उछल रहे थे.

और वो मेरी पीठ पर जोर जोर से हाथ मार रहा था उसने मुझे फिर नीचे लिटा दिया और मेरे ऊपर आ गया और फिर चोदने लगा वो बोला क्यों जानेमन as रहा है मजा मैंने कहा हां मेरे राजा बहुत मजा आ रहा है साला कितने सालों बाद एक औरत को चोद रहा हूं जब से बीवी मरी थी तब से तड़प रहा था आज सारी कसरें निकलूंगा.

मैंने कहा निकल लो मैं अब तुम्हारी हुं चोद दो मुझे फाड़ दो ले लो अपना बदला मेरे पति से उसने कहा बदला ऐसे पूरा नहीं होगा जब तक तेरे अंदर अपना बीज ना डाल दूं तुमारा पेट अपने बच्चे से फूला हुआ देखना चाहता हूं मैं तो मैंने कहा ठीक है उसने मुझे करीब 40 मिनिट तक बुरी तरह से चोदा. मैं चार बार झड़ चुकी थी फिर वो मेरे ऊपर गिर गया और अपना सारा वीर्य मेरे अंदर छोड़ दिया बहुत सारा निकला उसका मॉल.

फिर मैं उठी और कपड़े पहनने लगी जब मैं जाने लगी तो मेरा हाथ पकड़ कर बोला फिर कब आयेगी मैंने कहा कल आऊंगी पीछे वाला दरवाजा खुला रखना. वो बोला ठीक है फिर हमको जब भी मौका मिलता हम जमकर संभोग करते वो पीछे वाला चोर दरवाजा खोल देता मैं चुपके से अंदर आ जाती मै जल्दी ही गर्भवती हो गई ये बात जब मैंने मौलवी को बताई तो वो बहुत खुश हुआ और बोला अपने पति को छोड़ कर मुझसे शादी करले तुझे रोज रोज बहुत मजा और हर साल मै एक बच्चा दूंगा.

मैंने कहा नहीं ये नहीं हो सकता लेकिन मै तुमसे ही अपनी मरवाऊंगी ये मेरा वादा है बच्चे का पति को शक न हो इसलिए मैंने दो तीन बार पति से भी चुदवा लिया था जब मैं 6 मंथ प्रेगनेंट थी तो मैंने अपना फूला हुआ पेट मौलवी को दिखाया तो वो बहुत खुश हुआ मैंने एक खूबसूरत लडके को जन्म दिया अब वो एक साल का हो गया है लेकिन मौलवी गांव से पता नहीं कहां चला गया था लेकिन उसके प्यार की निशानी मेरे पास थी ये है मेरी कहानी आपको कैसी लगी.

मस्त ठुकाई की गावं की मौसी की

मेरे प्यारे दोस्तो, मेरा नाम प्रेम है. पहले में अपने बारे मैं बता दूं मेरी लम्बाई छह फीट है, रंग गोरा है, उम्र चौबीस साल है मेरे लन्ड का साइज़ मेरी दस अंगुलियों को एक साथ रखने के बराबर है.

मुझे लड़कियों से ज्यादा आंटियों को चोदने में मजा ज्यादा आता है. ये कहानी है मेरी देहाती मोसी की चुदाई की! उसका नाम लता है, उसकी हाइट भी काफी अच्छी है. उसके बड़े बड़े बूब्स है. और मोसी की गान्ड का तो कहना ही क्या!

वैसे मैं राजस्थान का रहने वाला हूं परन्तु पोरबंदर गुजरात काम करता हूं.

मोसी की चुदाई की यह कहानी दो महीने पहले की है जब मैं गांव गया था. तो मोसी के घर गया. सर्दियों का मौसम था तो मोसी बाहर घर के आंगन में नंगी नहा रही थी जहां धूप आई हुई थी.
घर में और कोई नहीं था. उसके दोनों लड़के खेत में गए हुए थे.

मोसी को भी नहीं पता था कि मैं आ रहा हूं. और मैं सीधा अंदर आंगन में गया तो मुझे मोसी नंगी नहाती दिख गई.

अब जैसे ही मोसी ने मेरे को देखा- अरे रुक! मैं नहा रही हूं, इधर मत देखना.
तू वहीं खड़ा रह! मैं पांच मिनट में नहा लूंगी.

वैसे मैंने मोसी को देख लिया था. मुझे नंगी मोसी की गान्ड और एक साइड का बूब दिख गया था.
मैं- ठीक है. वैसे आज बाहर ही कैसे नहा रही हो?
मोसी- अरे अंदर सर्दी लग रही थी.

फिर मोसी बोली- अरे तू वहां कब तक खड़ा रहेगा. अंदर आ जा! देख, मेरी और मत देखना!
मैं- ठीक है.

अब मोसी नहा ली थी, बस कपड़े पहनने थे.
लेकिन मोसी कपड़े अंदर रूम में भूल गई थी तो नंगी मोसी कपड़े लेने जा नहीं सकती थी क्योंकि मैं रूम के बाहर ही बैठा था.

मोसी- अरे तू मेरे कपड़े ले आ!

जब मैं अंदर से कपड़े लेकर आ गया और देने गया. तब मोसी मेरी ओर मुड़ी. तो मैं देखता ही रह गया. मोसी की चूत; मोसी के बूब्स!
मोसी के स्तन लटक रहे थे और चूत पर एक भी बाल नहीं था.

जब मैं मोसी को कपड़े देने लगा तो मेरे को देख कर वे धीरे से मुस्कराने लगी. मैं भी मोसी की चूत देख कर मुस्कुराने लगा.
तो मोसी ने अपना हाथ अपनी चूत पर रखा और हंसने लगी.
मैं भी अपने लन्ड पर हाथ रख कर मसलने लगा.

तभी बाहर किसी की आवाज आई.
मोसी बोली- देखना ज़रा कि कौन है.

मैं बाहर आ गया और देखा कि जहां पर गाय भैंस बंधे रहते हैं. वहां पर उसका भैंसा खुल गया है.
तो मैंने मोसी को आवाज लगाई और बताया.
मोसी बोली- आ रही हूं.

मेरा लन्ड अभी भी खड़ा था.

जब मोसी बाहर आई तो मेरे लन्ड को देख कर मुस्कुराने लगी और बोली- क्या हुआ?
मैंने बोला- भैंसा खुल गया है.

मैं और मोसी आगे गए तो देखा कि भैंसा एक भैंस के पीछे खड़ा था और उसकी चूत चाट रहा था.

यह देख मोसी बोली- आज ये भैंस सुबह से ही बोल रही थी. भैंसे के लिए ये पाली में है.

तभी भैंसे ने भैंस पर चढ़ाई कर दी.
लेकिन भैंस साइड में हट गई तो उसका लन्ड बाहर ही लटकने लगा.

तभी मोसी बोली- ये ऐसे नहीं रुकेगी. तू इसको आगे से पकड़ ले.
तो मैंने पकड़ ली.

अब जब इस बार भैंसा चढ़ा तो पूरा लन्ड भैंस की चूत में डाल दिया. तो भैंस भी इधर उधर होने लगी.
लेकिन भैंसे की पकड़ मजबूत थी तो इधर उधर नहीं होने दिया.

तभी मोसी बोली- हाँ इस बार गया पूरा लौड़ा!
मैंने देखा कि भैंसे का लन्ड अभी भी लटक रहा था.

तभी मैंने मोसी की ओर देखा तो मोसी का एक हाथ अपनी चूत पर था. और वो उसे मसल रही थी.

अचानक भैंसा साइड में मोसी की ओर आने लगा.
तभी मैं बोला मजाक में- मोसी साइड में हट जा. नहीं तो आप पर चढ़ जाएगा.
मोसी- अब इसमें कहाँ दम है. ये तो अपना दम निकाल चुका. कोई दमदार हो, वही भिड़ सकता है मेरे से तो.

मैं- वो तो कहाँ से आयेगा?
तभी मोसी मेरे लन्ड की ओर देखकर मुस्कराने लगी. फिर बोली- लगता है दम नहीं है मेरे पर चढ़ने का?
मैं- अच्छा!

तभी मोसी भैंसे को अंदर बांधने चली गई. दो मिनट तक मोसी बाहर आई नहीं तो मैं अंदर गया तो देखा कि मोसी एक पैर साइड में रखकर अपनी चूत मसल रही है.
लेकिन मोसी का मुंह दूसरी साइड में था तो वो मेरे को देख नहीं पाई. मोसी की चूत चुदाई मांग रही थी.

मैं मोसी के पीछे खड़ा हो गया और एक हाथ उसके बूब्स पर ओर दूसरा उसकी चूत पर जो हाथ था उस पर!
तभी मोसी पीछे की ओर देखकर मुस्कराने लगी और बोली- मेरा भैंसा तैयार है.
मैं- हाँ!

मैं मोसी को जहां भैंसों का चारा होता है, वहां ले गया क्योंकि वहां कोई नहीं आता.

मैंने सबसे पहले जाते ही मैंने उसके ब्लाऊज को निकाल दिया. मोसी मेरे लन्ड को लोवर के ऊपर से ही मसल रही थी. मैंने मोसी के एक चूचे को मुंह लिया और चूसने लगा.
तो मौसी आह आह … करने लगी.

फिर मैंने उसका पेटीकोट भी उतार दिया. मोसी ने अंदर अंडरवियर भी नहीं पहना था तो मोसी पूरी नंगी हो गई.

उसके बाद मैंने वहां पड़े एक प्लास्टिक की तिरपाल को नीचे बिछा दिया और उस पर नंगी मोसी को लेटा दिया. मैंने उसके दोनों पैरों को फैला दिया और उसकी चूत के दाने को मुंह में लेकर चूसने लगा.
तो मोसी छटपटाने लगी, बोली- ये क्या कर रहे हो?
तो मैं बोला- जो भैंसा भैंस के साथ कर रहा था … वही.

फिर मैं मोसी के ऊपर चढ़ गया और अपना लौड़ा उसके बूब्स के बीच में दे दिया.
तब मैंने मोसी को बोला- अपने बूब्स को लन्ड से सटा दे.
उसने वहीं किया.

और मैंने लौड़े को आगे पीछे करना शुरू कर दिया. अभी मोसी आह आह कर रही थी और मोसी का मुख खुला हुआ था.

तो मैंने लौड़े को ज्यादा ही आगे कर दिया और लौड़े का सुपारा मोसी के मुंह में चला गया.
मोसी अचानक हुई इस हरकत से हैरान रह गई. उसने मुझे हाथ से इशारा किया कि इसको बाहर निकाल ले.

तभी मैं बोला- थोड़ी सी देर बस!
मैं लौड़े को आगे पीछे करने लगा और आधे से ज्यादा लन्ड मोसी के मुंह में डाल दिया.

अब उसको भी सांस लेने में दिक्कत होने लगी. तो मैंने बाहर निकाल लिया.

मैंने उसको बोला- भैंस बन जा!
तो वो घोड़ी बन गई.

मैं उसके पीछे से भैंसे की तरह मोसी की चूत चाटने लगा. तो मोसी अपनी चूत पीछे की ओर करने लगी. मैंने अपनी जीभ उसके चूत में डाल दी और चाटने लगा.

उसके बाद उसी पोजिशन में साइड में आकर उनके बूब्स चूसने लगा. फिर वापस पीछे से उसकी चूत चाट रहा था और अपने लौड़े को भी गीला कर लिया.

फिर मैं भैंसे की तरह उसके ऊपर चढ़ गया. मोसी ने शायद उम्मीद नहीं की थी.
और मेरा लौड़ा सीधा मोसी की चूत के अन्दर घुस गया.

जिससे मोसी की आह निकल गई, बोली- ऐसे तो भैंसे ने भी नहीं डाला था रे!
फिर मैं मोसी की दबा कर चुदाई करने लगा. लगभग दस मिनट में मोसी दो बार झड़ गई थी और मैं अभी भी लगा था.

मोसी बोली- अब उतर जा. मैं थक गई हूं.

तो मैं बोला- कि भैंस की फट गई.
तो बोली- तू भैंसे से भी बुरा है.

चार पांच झटकों के बाद मैं मोसी की चूत में ही झड़ गया.
उसके बाद हमने कपड़े पहन लिए.

तब के बाद से जब भी हमें मौक़ा मिलता है, मैं मोसी की चुदाई जरूर करता हूं.

लड़की ने नौकरी का अहसान चूत से चुकाया

दोस्तो, मैं राज हूँ.
ये मेरी पहली सेक्स कहानी है, तो गलती होना लाजिमी है. प्लीज नजरअंदाज करते हुए माफ़ कीजिएगा.

पाठिकाओं के कौतूहल हेतु लिखना चाहता हूँ कि मेरे लंड का साइज़ सामान्य भारतीयों की तरह ही है, पर इसकी देर तक चलने की खासियत है, जिस वजह से लड़कियों और भाभियों के द्वारा मुझे बिस्तर में बेहद पसंद किया जाता है.
अपनी इसी गुणवत्ता के चलते मैंने बहुत सारी भाभियों और लड़कियों को खूब चोद कर खुश किया है.

आप सभी के लंडों से निवेदन है कि वे खड़े हो जाएं और अपनी अपनी चुत में घुस जाएं या चुत न हो तो हाथ से हिलाएं.
लड़कियों और भाभियों की प्यासी चूतों से प्यास लंड के लिए गर्म होने की इल्तिजा है.

ये फ्री सेक्स स्टोरी आज से 3 साल पहले की उस समय की है, जब मैं जॉब लगवाने का काम करता था.
अपने उसी काम के दौरान मुझे अपनी इस कहानी की नायिका मिली.

उस समय मैं दिल्ली में ही जॉब कर रहा था, साथ ही कम्पनीज में जॉब के लिए प्लेसमेंट भी करवाता था.
इसके एवज में मुझे कम्पनीज से कमीशन मिलता था और कैंडीडेट से भी एक महीने की सैलरी मिलती थी.

एक दिन किसी अनजान नंबर से कॉल आया कि मुझे जॉब की तलाश है.
मैंने उसे अपना रिज्यूमे और एक फोटो भेजने को कहा.

जब उसने अपना फोटो भेजा, तो कसम से लंड फनफना उठा … क्या माल थी यार.

मेरा लंड तो उसकी फोटो देखते ही खड़ा हो गया था.
मैंने उसे दूसरे दिन आने को कहा.

उसका नाम रजिया था (बदला हुआ नाम).
रजिया एकदम दूध जैसी गोरी लौंडिया थी.

उसके बूब्स 34 के, कमर 28 की और उसकी गांड 36 की थी … या यूँ कहूँ कि ऐसा लगा कोई परी उतर कर आ गई हो.
सामने से उसे कोई भी देखेगा तो उसका लंड हर हालत में तुनकी मारेगा, यह गारंटी थी.
मतलब उसके दूध और गांड के उभार देख कर तो किसी बूढ़े का भी लंड खड़ा हो जाएगा.

वह आई और मैंने उसका इंटरव्यू करवाया, पर उसका सिलेक्शन कुछ कारणों से नहीं हो पाया.

दरअसल उस कंपनी के बॉस को लड़की पसंद आ गई थी और वह उसे जॉब देने के पहले उससे ब्लो जॉब करवाना चाहता था, उसे चोदना चाहता था.

यह कंपनी एक फ्लैट बेचने का काम करने वाली कंपनी थी तो कस्टमर को पटाने के लिए उसके साथ लेटने का काम भी करना पड़ता था.
लड़की अनेक मर्दों से चुदने के लिए राजी नहीं थी.

मैंने उससे कहा कि कोई बात नहीं मैं किसी दूसरी कंपनी में बात करूंगा.

वह मुझसे बोली- मैं ऐसा काम नहीं कर सकती हूँ, जिधर मैं एक कॉल गर्ल बन कर रह जाऊं!
मैंने कहा- चलो किसी दूसरी कंपनी में देखता हूँ.
वह हूँ करके चली गई.

उस दिन के बाद मेरी उससे रोज़ाना बात होने लगी.
अब उससे मेरी गाहे बगाहे मुलाकात होना शुरू हो गई.
कुछ समय बाद उससे मेरी काफी सारी बातें होने लगीं.

एक दिन उसने बताया कि वह नई जगह शिफ्ट हुई है, तो उसे घर का कुछ सामान लाना है.
मैंने उसकी मदद की.

उस दिन से वह मुझसे कुछ ज़्यादा ही क्लोज़ हो गई.
फिर धीरे-धीरे हमारी बातें दोस्ती से प्यार की होने लगीं.

एक दिन मैंने उसकी जॉब एक अच्छी कंपनी में लगवा दी, उधर उसके साथ कुछ भी गड़बड़ होने की आशंका नहीं थी.
वह बहुत खुश थी.

मैंने उससे पार्टी मांगी.
उसने संडे को मिलने को बोल दिया.

मैंने कहा- संडे को ही क्यों?
वह मुस्कुरा कर बोली- जरा खुल कर मिल लेंगे!

मैं खुल कर मिल लेंगे का अर्थ समझ गया.
मैंने उससे कहा- रजिया मैं तुमसे प्यार करता हूँ और तुमसे अपना प्यार जताना चाहता हूँ.
वह हंस कर बोली- हां, मैं भी अपना प्यार जताना चाहती हूँ.

मैंने उसका हाथ दबाया तो उसने आंख दबा दी.
मैं समझ गया कि ये लड़की मुझसे चुदने के लिए राजी है.

मैंने पहले ही सारी तैयारी कर ली थी, क्योंकि आग दोनों तरफ़ बराबर लगी हुई थी.
लौड़े की सफाई कर ली थी और बियर की कैन्स ले ली थीं.

तय समय पर हम दोनों मिले.

मैंने एक रिसॉर्ट में रूम बुक कर लिया था.
रूम में आते ही वह मेरे सीने से लग गई.

साला लंड तो ऐसे कड़क हो गया था कि अभी पैंट फाड़ कर बाहर निकल जाएगा.
हमारे होंठ कब एक-दूसरे से जुड़े, पता ही नहीं चला.

कम से कम 20 मिनट तक हम एक-दूसरे की जीभ से खेलते रहे और होंठों को पीते रहे.
क्या होंठ थे उसके एकदम रूई जैसे मुलायम …

फिर मैंने उसके चूचों को धीरे-धीरे दबाना शुरू किया तो वह जोर-जोर से सिसकारियां लेने लगी.
मैंने जल्दी से उसकी टी-शर्ट उतारी और उसकी ब्रा को भी अलग कर दिया.

सच में बड़े ही मस्त बूब्स थे यार … कसम से देख कर ही ऐसा लगा कि बस इन्हें खाता ही रहूँ.

उसके बूब्स पर उसके गुलाबी निप्पलों की झलक तो ऐसी थी कि कसम से मजा ही आ गया.

मैंने एक निप्पल को अपने होंठों के बीच में दबाया और चूसना शुरू कर दिया.
वह मस्त हो रही थी और मादक आवाज निकालती हुई मुझे अपने हाथ से अपने दूध चुसवा रही थी.

मैंने उसके दोनों निप्पल बारी बारी से खूब देर देर तक चूसे और खींचे.
उसकी चूचियां कुछ ही देर में एकदम लाल हो गई थीं क्योंकि मैं एक दूध को चूस रहा था और दूसरे को अपनी मुट्ठी में भर कर मसल रहा था.

फिर दूध से मन भर लेने के बाद मैं नीचे को हुआ और उसके पेट पर किस करना शुरू कर दिया.

वह बिन पानी की मछली के जैसे मचल रही थी.
अब मुझसे भी कंट्रोल नहीं हो रहा था.
मैंने भी जल्दी-जल्दी अपने कपड़े उतारे और उसकी पैंटी को उतार दिया.

आह मस्त चूत थी यार … कसम से एकदम कचौड़ी सी फूली और झांट रहित एकदम सफाचट चिकनी चमेली सी चुत … देख कर ही पता चल रहा था कि इसने लंड लेने के चक्कर में आज आने से पहले ही साफ़ की है.

चुत का रंग भी एकदम गुलाबी, जरा भी कालापन नहीं … यह इस बात का प्रमाण था कि चुत में लंड का आना जाना या तो हुआ ही नहीं है या अभी कम चली है.

फिर जैसे ही मैंने अपने होंठ उसकी चूत पर रखे, उसके मुँह से सिसकने की आवाज़ आने लगी.

मैंने भी जीभ अन्दर डाल दी और जीभ से चुत की दीवारों का रस चाटने लगा.
साथ ही मेरे होंठ उसकी चूत के दाने को पकड़ कर खींचने और रगड़ने में लग गए.

उसका बुरा हाल हो गया था और वह ऊँह ऊँह करती हुई मेरे सर को अपनी चुत पर दबाने लगी थी.

वह लगातार मादक आवाजें निकालती हुई तड़पने लगी ‘आह राज ये तुमने क्या कर दिया और तेज चूस लो आह राज ऐसे ही बस ऐसे ही करते रहो आह बहुत मजा आ रहा है!’

उसकी चूत लगातार पानी छोड़ रही थी, जिसे मैं पीता जा रहा था.

उसने झड़ते समय मुझे कस कर अपनी चूत में दबा लिया था … क्या खट्टा पानी था उसकी चुत का.
थोड़ी देर में वह पूरी तरह से झड़ गई और मैं उसका सारा पानी पी गया.
बड़ा ही टेस्टी पानी था उसकी चुत का.

मैं फिर से उसके होंठों को पीने लगा.
मन तो कर रहा था कि बस ऐसे ही इसके होंठों को खाता रहूँ, कभी न छोड़ूँ इसके होंठों को … मेरा लंड भी उसकी चूत से रगड़ खा रहा था.

वह खुद कमर हिलाकर लंड अपनी चूत में लेने की कोशिश करने लगी और बोलने लगी- बस अब बर्दाश्त नहीं होता जल्दी से चोद डालो.

मैंने उसे और तड़पाना ठीक नहीं समझा.

चुत में लंड पेलने से पहले मैंने उससे अपना लंड मुँह में लेने को कहा, तो उसने मना कर दिया.
मैंने भी कोई ज़बरदस्ती नहीं की और लंड उसकी चूत के ऊपर रख दिया और घिसने लगा.

उसके मुँह से भी ‘आह … आह …’ की आवाज़ आने लगी.
‘राज अब डाल दो अपना लंड अन्दर और मेरी प्यास बुझा दो!’

मैंने एक झटका मारा और मेरा पूरा लंड चूत को चीरता हुआ अन्दर तक घुस गया.

वह सील पैक माल थी तो चुत फट गई थी.
उसकी आंखों से आंसू आने लगे और उसे दर्द होने लगा.

मैंने थोड़ा सा लंड निकाल कर देखा तो थोड़ा सा खून भी निकला हुआ था.

थोड़ी देर में जब उसे थोड़ा आराम मिला, तो वह खुद ही कमर उठाने लगी और कहने लगी- और तेज करो राज … और तेज … और बना लो मुझे अपना!

मैं तेज-तेज चुदाई करने लगा.

कुछ देर बाद मैंने लंड चुत से खींचा और उससे उल्टा कर दिया.
वह समझ गई और घोड़ी बन गई.

जैसे ही वह घोड़ी बनी, मैंने पीछे से लंड छेद में पेल डाला.

लंड एक ही झटके में अन्दर सरक गया रहा तो वह एकदम से चीखी- हाय अम्मी मर गई!

मैं उसके दोनों दूध पकड़ कर चोदने लगा और वह भी दर्द भूल कर लंड का मजा लेने लगी.

मैंने उसे करीब 15 मिनट तक चोदा. इतने में वह 2 बार पानी छोड़ चुकी थी.

अब मेरा भी निकलने वाला था, तो मैंने पूछा- कहां निकालूँ?
वह बोली- अन्दर ही निकाल दो, अभी सेफ डेज हैं.

मैं और तेज तेज शॉट मारने लगा और उसकी चूत के अन्दर ही पानी निकाल दिया.
फिर मैंने उससे बाथरूम में चलने को कहा.

वह उठी तो चल ही नहीं पा रही थी, उसकी आह निकल गई.
मैंने मुड़ कर उसे देखा तो उससे चला भी नहीं जा रहा था.

तो मैंने उसे गोद में उठाया और बाथरूम में ले गया.
उधर उसने खुद को साफ़ किया.

मैंने देखा तो वहां बाथटब भी था.
मैंने बाथटब को पानी से भरा, उसे उठा कर बाथटब में लिटाया और खुद भी उसके साथ आ गया.

हम दोनों में फिर से मस्ती शुरू हो गई.
मैं उसके बूब्स से खेलने लगा और उसे गोद में बिठा कर प्यार करने लगा.

वह अपनी गांड मेरे लंड पर घिसने लगी.
तो मैंने उसके दूध पकड़ कर लौड़े को चुत की दरार पर सैट किया और पीछे से ही उसकी चूत में लंड डाल दिया.

वह आह आह करने लगी.
हम दोनों की मस्त चुदाई शुरू हो गई.

इस बार वह भी बहुत मजे से चूत चुदवा रही थी.

कुछ ही देर में वह खुद ही मेरे लंड पर कूदने लगी.
पानी से छप-छप की आवाज़ और उसके मुँह से ‘आह … आह …’ की आवाज़ निकल रही थी.
ऐसा लग रहा था, जैसे किसी ने कोई सुरीला म्यूजिक लगा दिया हो.

उस पूरी रात को मैंने उसे 4 बार चोदा.
सुबह उससे ठीक से चला भी नहीं जा रहा था.

फिर मैं दर्द निवारक दवा लेकर आया और उसे पानी के साथ पिला दी.

कुछ देर आराम करने के बाद उसे चैन पड़ गया और हम दोनों कमरे से निकल कर अपने अपने घर चले गए.

आज भी जब मुझे उसके साथ बिताई वह रात याद आती है, तो लंड खड़ा हो जाता है.

उसके बाद भी हम कई बार मिले लेकिन उसने मेरे लंड को कभी नहीं चूसा.

कुछ दिन के बाद उसने अपनी एक सहेली की चूत दिलवाई और एक चचेरी बहन को चुदवाया.
वह सेक्स कहानी फिर कभी लिखूँगा.
तब तक के लिए लड़के अपने लंड हिलाएं और लड़कियां अपनी चूत में उंगली करती रहें.

शादी में मेरे लंड का भाग्य खुला

girl porn story

देसी विलेज चूत का मजा मुझे मिला जब मैं एक गाँव में शादी में गया था. वहां मैंने दो लड़कियां चोदी. एक तो खाई खेली थी, दूसरी कुंवारी थी, वह हमारी चुदाई देख कर गर्म हो गयी थी. दोस्तो, मैं अपनी दीदी की ननद की शादी में उनके गांव गया हुआ था. वहां उनके बहुत … Read more

पत्नी को उसके बड़े भाई, चाचा और चचेरे भाई ने चोदा

threesome sex story

मेरी पत्नी के बड़े भाई और उनकी पत्नी क्रमशः 49 और 42 वर्ष के हैं। उनके मामा 62 वर्ष के हैं, और उनके चचेरे भाई 28 वर्ष के हैं। मेरी पत्नी की उम्र अभी 37 वर्ष है और मैं 40 वर्ष का हूं। वह 5 फीट लंबी, लगभग 67 किलोग्राम वजन की, गोरी और गोल-मटोल … Read more

होली पर दोस्त की बीवी चुद गई

आप सब मुझे जानते ही हैं। मैं विजय कुमार हूं,‌ और लंड का साइज 6.5″ है। मैं चुदाई का तो बहुत ही शौकीन हूं। आज आप सब के साथ अपनी एक सच्ची घटना लेकर हाजिर हूं। यह घटना मेरे दोस्त रवी की बीवी सोनम और मेरे बीच होली के दिन की है। अब कहानी पर … Read more

जीजा ने मुझे पटा कर चुदाई का मजा लिया

सपना की उम्र 27 साल, और उसका फिगर साइज 32-30-34 है। सपना की शादी को हुए 5 साल हो गए थे। उसका एक बेटा भी है। उसकी छोटी बहन (चाचा की लड़की ) की शादी हुई। लड़के का नाम राजेश था, जो एक ड्राइवर था। शादी के बाद से ही उसको सपना पसंद आने लगी … Read more

जीजू ने रसोई में खड़े-खड़े मेरी चुदाई की

हैलो दोस्तों, मेरा नाम अस्मिना है। मेरी लम्बाई 4′8″ है। मेरा फिगर 34-30-36 है। रंग गोरा है, और मैं दिखने में काफी सुंदर हूं। मेरे काले और घने लंबे बाल है। मेरी लंबी पतली कमर जो चलते वक्त लचक जाती है। मैं 24 साल की जवान चुदने लायक गदराया हुआ माल हूं। मेरा शरीर भी … Read more

मैंने अपनी सगी भाभी को चोदा

दोस्तों आज मैं आप सब के सामने देवर भाभी की एक रियल कहानी लेके आया हूं। मैं उत्तर प्रदेश का रहने वाला हूं, और मैं अभी ग्रेजुएशन कर रहा हूं। मेरी उम्र 20 साल है। दोस्तों ये एक रीयल कहानी है, मेरी और मेरी भाभी के बीच हुई चुदाई की। वैसे तो मैं चूत के … Read more

कामवाली को चोदा तेल मालिश करवा कर

एक दिन संडे का दिन था। मेरी पत्नी रिया को अपने बुटीक के काम से जरूरी कही बाहर जाना था। तो वो सुबह छह बजे ही घर से निकल गई। मैं घर पर ही सोया रहा। करीब नौ बजे कॉल बेल बजी तो मैं उठा। गेट खोला तो हमारे घर पर काम करने वाली पूजा … Read more

नर्स की चुदाई घर बुला कर की

दोस्तों एक बार मैं और मेरी पत्नी रिया उसकी चचेरी भाभी से मिलने हॉस्पिटल गए। उनकी डिलीवरी होने वाली थी। रिया के चाचा-चाची और उनके बेटा-बहु बैंगलोर में ही रहते थे। उनकी बहू की डिलीवरी होने वाली थी, तो उनका बेटा, मैं, और रिया उन्हे हॉस्पिटल लेकर गए। चाचा-चाची बुजुर्ग होने की वजह से घर … Read more

पत्नी को उसके बड़े भाई, चाचा और चचेरे भाई ने चोदा

मेरी पत्नी के बड़े भाई और उनकी पत्नी क्रमशः 49 और 42 वर्ष के हैं। उनके मामा 62 वर्ष के हैं, और उनके चचेरे भाई 28 वर्ष के हैं। मेरी पत्नी की उम्र अभी 37 वर्ष है और मैं 40 वर्ष का हूं। वह 5 फीट लंबी, लगभग 67 किलोग्राम वजन की, गोरी और गोल-मटोल … Read more

दामाद ने बेटी से पहले सास को गर्भवती किया

मेरा नाम मीरा है, मैं अभी दिल्ली में रहती हु, इससे पहले मैं धनबाद में रहती थी, मैं आज आपको अपनी खुद की चुदाई की कहानी सुनाने जा रही हु, पहले मैं अपने बारे में आपको बता देती हु, मैं 38 साल की हु, और मेरी एक बेटी है सनम, सनम अभी 19 साल की … Read more

जेठ जी का मोटा लंड मेरी चूत का फाड़ कर रख दिया

Jeth Ji Sex Story – आज मैं आपको एक सच्ची कहानी सुनाने जा रही हूँ ये कहानी मेरे और मेरे जेठ जी के बिच की है (Jeth Bahu Sex Kahani) आज मैं आपको नॉनवेज स्टोरी डॉट कॉम पर सुनाने जा रही हूँ। आज मैं वो आपको सब बताउंगी जो मेरे साथ हुआ था और मेरी … Read more

मेरी कसी गोरी चुत ससुर जी ने चोद दी

बात उस समय की है जब मेरी नई नई शादी हुई थी। मेरे पति सेना में काम करते थे। वो नेवी में जॉब कर रहे थे। शादी के बाद जब मैं ससुराल गयी तो सुहागरात भी नही हो पाई थी। उनके पास काल आ गयी थी उनके बोस की। पाकिस्तान की तरफ से कुछ बमबारी … Read more

बहु को ससुर ने खेत में लेजाकर चोदा

मैं अभी 45 साल का हूं और मेरे तीन बेटे हैं। दो तो शहर में रहते हैं और वही पर पढ़ाई करते हैं। मेरे बड़े बेटे की शादी अभी एक माहीं पहले ही हुई है। खेत का सारा काम मेरा बड़ा बेटा रमन ही देखता है। घर में बहू के आने के बाद, अब घर … Read more

गांव में ससुर जी के लण्ड से मजे किये

नमस्कार दोस्तो, मेरा नाम सपना है. मैं फिर से अपनी दूसरी कहानी के साथ आ गई हूँ. इस कहानी को लेकर मुझे बहुत से मेल मिले. जिन्होंने मुझे मेल किए, उनको बहुत बहुत शुक्रिया. उन मेल में आप सबने मुझसे अगली कहानी लिखने के लिए भी बोला था, तो आज मैं अपनी दूसरी कहानी आप … Read more

Papa aur chacha se chudai

हेलो दोस्तो, मेरा नाम आरुणि है। 19 साल की मैं एक कमसिन लड़की थी। मेरा बदन 32-30-34 का था. मैं 19 साल की हो गई थी। मेरा बदन तेजी से सेक्सी हो रहा था। स्तन मोटे हो रहे थे, और निपल्स गहरे होने लगे थे। कमर तो पूछो मत. चुत दूध की तरह और बिना … Read more

गांव की चुदक्कड़ मौसी की चुत गांड चुदाई

विलेज चुत गांड चुदाई कहानी में पढ़ें कि कैसे मैंने रिश्ते में मेरी जवान मौसी को गाँव में चोदा. वो पहले से ही चालू माल थी. मेरी ज़रा सी कोशिश ने मौसी को मेरे नीचे ला दिया. मेरा नाम कृष्णा है, उम्र 20 साल है और रंग एकदम गोरा है. मेरी हाइट 5 फुट 8 … Read more